पर्याप्त नींद रात्रि में, हल्की झपकी दोपहर में पर्याप्त है, क्यों ?

नींद का मनुष्य के जीवन में एक महत्वपूर्ण पक्ष है। मनुष्य अपने जीवन का एक तिहाई हिस्सा सोते हुए गुजार...

मुम्बई में बिहार फाउंडेशन द्वारा बिहार भवन की जमीन पर गणतंत्र दिवस कार्यक्रम आयोजित

26 जनवरी 2026, मुम्बई में बिहार भवन की जमीन पर बिहार फाउंडेशन मुंबई द्वारा गणतंत्र दिवस समारोह का आय...

भोजपुरी फिल्म

पटना, 16 जनवरी 2026 - सुयश स्पेक्टिकल प्राइवेट लिमिटेड एंड होंडा एंटरटेनमेंट के बैनर तले बनी भोजपुरी...

कविता - सब कुछ' पाना है मकसद...!

खोज़ते हर कोई किसी न किसी तरह की ख़ुशी, इस बेचैन संसार में मिल जाए सुकून और हँसी। हममें से अधिकांशजन ख...

शिमला में फोटोग्राफी कला में युवा फोटोग्राफर संजय कुमार प्रजापत हुए सम्मानित

मध्यप्रदेश के युवा फोटोग्राफर संजय कुमार प्रजापत ने राष्ट्रीय स्तर पर एक बार फिर अपनी प्रतिभा का लोह...

विवेकानंद जयंती (युवा दिवस) विशेष - स्वामी विवेकानंद : भारतीय संस्कृति के शिखर और युवाओं के प्रेरणास्रोत

स्वामी विवेकानंद भारतीय संस्कृति के एक ऐसे शिखर हैं, जिनकी चमक आज भी पूरे विश्व को रोशन कर रही है। व...

कविता – बचपन के दिन

कविता - बचपन के दिन
लौटा दो मुझे मेरे बचपन के वह दिन, बिन चिंता के ही कट जाते सारे दिन। घर में होते थे दादा-दादी, नाना-नानी, गोद में सुनाते राजा-रानी की कहानी। घंटो गोदी बिठाते शिकायत ना करत...
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“सार्वजनिक स्थलों पर आवारा पशुओं पर नियंत्रण- जनसुरक्षा पर बड़ा कदम”

देश में कुत्तों के काटने की घटनाओं में वृद्धि पर चिंतित सुप्रीम कोर्ट ने 7 नवंबर 2025 शुक्रवार को यह निर्देश दिए हैं कि देशभर में शैक्षणिक संस्थानों, अस्पतालों, बस स्टैंड...
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शिक्षण संस्थानों में सुसाइड पर सुप्रीम कोर्ट की सख्ती

शिक्षण संस्थानों में सुसाइड पर सुप्रीम कोर्ट की सख्ती
देश में छात्रों की खुदकुशी (सुसाइड) बहुत ही चिंताजनक है। इस संदर्भ में हाल ही में हमारे देश के माननीय सुप्रीम कोर्ट ने स्वत: संज्ञान लिया है। दरअसल, माननीय सुप्रीम कोर्ट...
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कीर्ति शेष- हिंदी साहित्य का अमर योद्धा: डॉ. रामदरश मिश्र

कीर्ति शेष- हिंदी साहित्य का अमर योद्धा: डॉ. रामदरश मिश्र
“बनाया है मैंने यह घर धीरे-धीरे!  खुले मेरे ख़्वाबों के पर धीरे-धीरे।  किसी को गिराया न ख़ुद को उछाला,  कटा ज़िंदगी का सफर धीरे-धीरे।” इन पंक्तियों के अमर रचन...
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मतदान में एक विकल्प होता है – “NOTA (None of the Above)”

मतदान में एक विकल्प होता है - “NOTA (None of the Above)”
लोकतंत्र में जब मतदाता मतदान केंद्र पहुँचता है, तो वह उम्मीदवारों के चमक-दमक वाले पैनल में से किसी एक को चुनने का दबाव महसूस करता है। लेकिन क्या होता है अगर उसे लगता हो क...
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